शुक्रवार, 24 फ़रवरी 2023

बीस जघा कर्जा किहिस,

बीस जघा कर्जा  किहिस, तब होइ सका प्रबंध। 
अपना  का  आबा   नहीं,   भोजन   मा  आनंद।।  
 
बीस जघा करजा किहिस तब भा कन्यादान। 
अपना  काही लग रहें ,सब  फीके  पकवान। । 

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